By पं. संजीव शर्मा
सूर्य-बुध-शुक्र-मंगल प्रभाव: व्यक्तित्व, करियर, स्वास्थ्य, आध्यात्मिकता

अनुराधा नक्षत्र, वृश्चिक राशि के प्रमुख चंद्र-क्षेत्रों में स्थित है। इसका विस्तार, ऊर्जा और जीवन में प्रभाव अत्यंत गूढ़ एवं बहुआयामी माना गया है। अनुराधा के चार पाद (पाद), प्रत्येक अपनी विशेष ग्रहाधिपति एवं नवांश गणना द्वारा, नवीन व्यक्तित्व, साधना, स्वास्थ्य एवं जीवन की चुनौतियों को आकार देते हैं। इस गहन आलेख में अनुराधा नक्षत्र के चारों पादों का विश्लेषण और उनका ज्योतिषीय महत्व विस्तार से समझाया गया है।
ग्रहाधिपति: सूर्य
प्रमुख गुण:
व्यवहार व जीवन:
ग्रहाधिपति: बुध
प्रमुख गुण:
व्यवहार व जीवन:
ग्रहाधिपति: शुक्र
प्रमुख गुण:
व्यवहार व जीवन:
ग्रहाधिपति: मंगल
प्रमुख गुण:
व्यवहार व जीवन:
| पाद | नवांश | ग्रहाधिपति | प्रमुख गुण | कार्यक्षेत्र | चुनौतियाँ |
|---|---|---|---|---|---|
| पहला | सिंह | सूर्य | नेतृत्व, आत्मबल, महत्वाकांक्षा | प्रशासन, राजनीति, प्रबंधन | अहंकार, अशांति |
| दूसरा | कन्या | बुध | संवाद, नेटवर्क, बुद्धिमत्ता | व्यापार, मीडिया, लेखन | चालाकी, स्वार्थ |
| तीसरा | तुला | शुक्र | कलात्मकता, संबंध, सौंदर्य | कला, फैशन, होटल | विलासिता, भावनात्मक निर्भरता |
| चौथा | वृश्चिक | मंगल | गूढ़ता, पराक्रम, शोध | अनुसंधान, चिकित्सा, ज्योतिष | जिद, सलाह से असहमति |
अनुराधा नक्षत्र के पादों की यह बहुआयामिता न केवल स्वभाव, शक्ति और करियर संकेत देती है बल्कि संबंधों, स्वास्थ्य, भावनाओं और आध्यात्मिक यात्रा में भी दिशावान करती है। यही वेद-ज्योतिष की सूक्ष्मता है, एक ही नक्षत्र के विविध पाद स्वभाव के अद्भुत आयाम और जीवन की गहराई दर्शाते हैं।
अनुराधा नक्षत्र के प्रत्येक पाद में प्रतिभा, ऊर्जा, आध्यात्मिकता और अपने-अपने ग्रह का गूढ़ प्रभाव समाहित है। यह ज्ञान ज्योतिषियों, साधकों और जिज्ञासुओं के लिए अनमोल है, जो जन्मकुंडली के आधार पर जीवन की दिशा, संघर्ष, संबंध और साधना का मार्गदर्शन खोजते हैं। जीवन की विविधता, संभावनाओं और गहनता को समझने हेतु अनुराधा नक्षत्र की पाद-बोधना श्रेष्ठतम साधन है।
प्रश्न 1. अनुराधा नक्षत्र के चार पाद किस ग्रह के प्रभाव में हैं?
उत्तर: पहले पाद-सूर्य, दूसरे-बुध, तीसरे-शुक्र, चौथे-मंगल।
प्रश्न 2. प्रत्येक पाद का मुख्य स्वभाव क्या है?
उत्तर: पहला-नेतृत्व व तेज, दूसरा-बुद्धि व संवाद, तीसरा-कलात्मकता व सौंदर्य, चौथा-गूढ़ता व साहस।
प्रश्न 3. अनुराधा नक्षत्र किस राशि में आता है?
उत्तर: वृश्चिक राशि में।
प्रश्न 4. किस पाद में भावनात्मक संबंध व सौंदर्य प्रधान होता है?
उत्तर: तीसरे पाद (तुला नवांश, शुक्र के अधीन)।
प्रश्न 5. अनुराधा के चौथे पाद में किस प्रकार के करियर उपयुक्त हैं?
उत्तर: अनुसंधान, उपचार, मनोवैज्ञानिक, ज्योतिष, चिकित्सा इत्यादि।
जन्म नक्षत्र मेरे बारे में क्या बताता है?
मेरा जन्म नक्षत्र
अनुभव: 15
इनसे पूछें: पारिवारिक मामले, आध्यात्मिकता और कर्म
इनके क्लाइंट: दि., उ.प्र., म.हा.
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