माँ कात्यायनी पूजा विधि और महत्व 2026

By पं. संजीव शर्मा

चैत्र नवरात्रि छठा दिन: साहस और न्याय का पर्व

माँ कात्यायनी पूजा 2026: मुहूर्त, मंत्र और आज्ञा चक्र

नवरात्रि का छठा दिन देवी दुर्गा के छठे दिव्य स्वरूप माँ कात्यायनी की आराधना के लिए पूर्णतः समर्पित है। यह विशेष दिन साहस, धर्मपरायणता, दैवीय न्याय और बुराई का विनाश करने वाली शक्ति का अद्भुत प्रतीक माना जाता है। पांचवें दिन माँ स्कंदमाता की ममतामयी और पोषणकारी ऊर्जा के अनुभव के पश्चात नवरात्रि का छठा दिन दैवीय माँ के उस उग्र रक्षक स्वरूप को दर्शाता है जो संतुलन और धर्म की पुनः स्थापना के लिए प्रकट होता है। माँ कात्यायनी की साधना से साधक के भीतर अभूतपूर्व आत्मविश्वास जागृत होता है।

चैत्र नवरात्रि 2026 षष्ठी तिथि की महत्वपूर्ण जानकारी और पंचांग

चैत्र नवरात्रि 2026 में नवरात्रि का छठा दिन मंगलवार 24 मार्च 2026 को पड़ रहा है। पंचांग की गणना के अनुसार यह दिन षष्ठी तिथि से संबंधित है और विभिन्न क्षेत्रों में इसे स्कंद षष्ठी तथा यमुना छठ जैसे महत्वपूर्ण पर्वों के साथ भी श्रद्धापूर्वक मनाया जाता है। भक्त नकारात्मक प्रभाव से सुरक्षा और मानसिक शक्ति प्राप्त करने के लिए माँ कात्यायनी की शरण में जाते हैं।

विवरण जानकारी
तिथि 24 मार्च 2026
दिन मंगलवार
नवरात्रि दिवस छठा दिन
तिथि षष्ठी
मुख्य पर्व स्कंद षष्ठी, यमुना छठ
पूजित देवी माँ कात्यायनी
शुभ रंग लाल

माँ कात्यायनी कौन हैं?

माँ कात्यायनी को देवी दुर्गा के सबसे शक्तिशाली और प्रभावशाली स्वरूपों में से एक माना जाता है। प्राचीन शास्त्रों में वर्णित कथा के अनुसार जब असुरराज महिषासुर ने ब्रह्मांड में आतंक मचा रखा था तब सभी देवताओं ने अपनी दिव्य ऊर्जाओं को सम्मिलित किया था। इस सम्मिलित ऊर्जा पुंज ने महर्षि कात्यायन के आश्रम में पुत्री के रूप में जन्म लिया जिसके कारण देवी का नाम कात्यायनी पड़ा। वह एक योद्धा देवी हैं जिन्होंने महिषासुर के साथ भीषण युद्ध किया और अंततः उसका वध करके चराचर जगत में शांति और संतुलन स्थापित किया। इस महान विजय के कारण ही माँ कात्यायनी को दैवीय शक्ति और न्याय के प्रतीक के रूप में पूजा जाता है।

माँ कात्यायनी का भव्य स्वरूप और प्रतीक

माँ कात्यायनी को सिंह पर सवार चित्रित किया गया है जो उनकी अदम्य वीरता और शक्ति का परिचायक है। उनकी चार भुजाएं हैं जिनमें धारण किए गए दिव्य अस्त्र सुरक्षा और बुराई के विनाश का संकेत देते हैं। उनके एक हाथ में तलवार सुशोभित है जो साहस और निर्णायक कार्रवाई को दर्शाती है। दूसरे हाथ में कमल का पुष्प है जो पवित्रता और दैवीय अनुग्रह का प्रतीक माना जाता है। शेष दो हाथ वरद और अभय मुद्रा में दिखाई देते हैं जो भक्तों को सुरक्षा का आश्वासन देते हैं। उनका तेजस्वी स्वरूप करुणा और निर्भयता का अद्भुत संगम है जो धर्म की रक्षा के लिए आवश्यक है।

नवरात्रि के छठे दिन का आध्यात्मिक रहस्य क्या है?

आध्यात्मिक दृष्टिकोण से नवरात्रि का छठा दिन आज्ञा चक्र के जागरण से जुड़ा हुआ है। इस चक्र को तीसरी आँख भी कहा जाता है जो अंतर्ज्ञान, ज्ञान और आध्यात्मिक जागरूकता का केंद्र है। माँ कात्यायनी की पूजा करने से साधक के विचारों में स्पष्टता आती है और भय पर विजय प्राप्त करने का साहस मिलता है। उनकी ऊर्जा व्यक्ति को सत्य के लिए खड़े होने और धर्म के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करती है। जो भक्त एकाग्र होकर आज्ञा चक्र पर ध्यान लगाते हैं उन्हें माँ की असीम अनुकंपा प्राप्त होती है।

षष्ठी दिवस का विशेष रंग और महत्व

नवरात्रि के छठे दिन का शुभ रंग लाल है। लाल रंग शक्ति, ऊर्जा और दृढ़ संकल्प का प्रतिनिधित्व करता है। इस दिन लाल वस्त्र धारण करना माँ कात्यायनी की गतिशील और सुरक्षात्मक ऊर्जा को आत्मसात करने जैसा है। यह रंग भक्तों के भीतर नई उमंग और चुनौतियों से लड़ने की क्षमता पैदा करता है।

माँ कात्यायनी की विधिवत पूजा अर्चना

नवरात्रि के छठे दिन भक्त प्रथम दिन स्थापित किए गए कलश की पूजा जारी रखते हैं। पूजा स्थल को स्वच्छ करके ताजे फूलों और दीपकों से सजाया जाता है।

  • माँ कात्यायनी को रोली, अक्षत, धूप और पुष्प अर्पित किए जाते हैं।
  • बहुत से श्रद्धालु इस दिन दुर्गा सप्तशती के विशिष्ट अंशों का पाठ करते हैं।
  • देवी के शक्तिशाली स्वरूप का ध्यान करने से आंतरिक शक्ति और साहस की प्राप्ति होती है।
  • विशेष रूप से अविवाहित कन्याएं इस दिन माँ कात्यायनी की पूजा करती हैं ताकि उन्हें सुयोग्य जीवनसाथी प्राप्त हो सके।

माँ कात्यायनी का प्रिय भोग

नवरात्रि के छठे दिन माँ कात्यायनी को शहद का भोग लगाना अत्यंत शुभ और अनिवार्य माना गया है। शहद मिठास, उपचार और शुद्धता का प्रतीक है। ऐसी धार्मिक मान्यता है कि देवी को शहद अर्पित करने से साधक के जीवन में सुंदरता, शक्ति और समृद्धि का आगमन होता है।

माँ कात्यायनी के लिए शक्तिशाली मंत्र

माँ कात्यायनी की कृपा प्राप्त करने के लिए इस पवित्र मंत्र का जाप करना चाहिए:

ॐ देवी कात्यायन्यै नमः

चैत्र नवरात्रि के छठे दिन भक्तिपूर्वक इस मंत्र का उच्चारण करने से जीवन की बाधाएं दूर होती हैं और आध्यात्मिक संकल्प मजबूत होता है।

जीवन के लिए माँ कात्यायनी का पावन संदेश

नवरात्रि का छठा दिन हमें याद दिलाता है कि अन्याय और नकारात्मकता को समाप्त करने के लिए दैवीय शक्ति और साहस अनिवार्य है। माँ कात्यायनी उस निर्भय ऊर्जा का प्रतिनिधित्व करती हैं जो धर्म की रक्षा करती है और संसार में सामंजस्य स्थापित करती है। उनकी आराधना करके भक्त सत्य के पथ पर विश्वास के साथ चलने की शक्ति प्राप्त करते हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

माँ कात्यायनी का नाम महर्षि कात्यायन से कैसे जुड़ा है?
देवी ने महर्षि कात्यायन की कठिन तपस्या से प्रसन्न होकर उनके घर पुत्री के रूप में अवतार लिया था इसलिए उनका नाम कात्यायनी पड़ा।

माँ कात्यायनी की पूजा से कौन सा चक्र प्रभावित होता है?
उनकी साधना से आज्ञा चक्र जाग्रत होता है जिससे व्यक्ति की मानसिक एकाग्रता और दूरदर्शिता बढ़ती है।

शहद का भोग लगाने का क्या महत्व है?
शहद देवी को अत्यंत प्रिय है और इसे अर्पित करने से साधक का व्यक्तित्व आकर्षक होता है और आर्थिक उन्नति होती है।

विवाह के लिए माँ कात्यायनी की पूजा क्यों की जाती है?
प्राचीन काल में ब्रज की गोपियों ने भगवान कृष्ण को पति रूप में पाने के लिए माँ कात्यायनी की पूजा की थी तभी से यह परंपरा प्रचलित है।

चैत्र नवरात्रि 2026 में छठा दिन कब मनाया जाएगा?
वर्ष 2026 में नवरात्रि का छठा दिन 24 मार्च मंगलवार को मनाया जाएगा।

पाएं अपनी सटीक कुंडली

कुंडली बनाएं

क्या आपको यह पसंद आया?

लेखक

पं. संजीव शर्मा

पं. संजीव शर्मा (63)


अनुभव: 20

इनसे पूछें: Family Planning, Career

इनके क्लाइंट: Punjab, Haryana, Delhi

इस लेख को परिवार और मित्रों के साथ साझा करें

ZODIAQ के बारे में

ज़ोडियाक (ZODIAQ) एक ऑनलाइन वैदिक ज्योतिष प्लेटफॉर्म है। जिन यूज़र्स को ज्योतिषीय सलाह की आवश्यकता है उन्हें ये अनुभवी ज्योतिषियों से जोड़ता है। हमारे यूज़र्स निशुल्क कुंडली भी बनाते हैं और कुंडली मिलान करते हैं। साथ ही ज़ोडियाक (ZODIAQ) ज्योतिषियों को भी कई उपयोगी सेवाएँ प्रदान करता है। ज्योतिषी ज़ोडियाक (ZODIAQ) की विभिन्न सुविधाओं का उपयोग कर अपने ग्राहकों को बेहतर सेवा प्रदान करते हैं।

यदि आप एक उपयोगकर्ता हैं

अनुभवी ज्योतिषियों से सलाह लें और उनका मार्गदर्शन प्राप्त करें। आप हमारे प्लेटफॉर्म से अनुभवी ज्योतिषियों द्वारा तैयार की गई हस्तलिखित जन्म पत्रिका और जीवन भविष्यवाणी रिपोर्ट भी मंगवा सकते हैं। सटीक कुंडली बनाएं, कुंडली मिलान करें और राशिफल व मुहूर्त की जानकारी प्राप्त करें। हमारी ऑनलाइन लाइब्रेरी का उपयोग करें जहां आपको सभी जरूरी ज्योतिषीय और आध्यात्मिक जानकारी एक जगह मिलेगी।

यदि आप एक ज्योतिषी हैं

अपने ग्राहकों के लिए सटीक कुंडली बनाएं और एक बार में 5 लोगों तक का कुंडली मिलान करें। ज़ोडियाक (ZODIAQ) की मदद से अपने ग्राहकों के लिए विस्तृत जन्म पत्रिका रिपोर्ट तैयार करें। क्लाइंट डायरेक्टरी में ग्राहकों का विवरण सेव करके किसी भी समय उन्हें एक्सेस करें। हर दिन आपने कितने लोगों को परामर्श दिया यह ट्रैक कर के अपनी प्रोडक्टिविटी बढ़ाएं।

WELCOME TO

ZODIAQ

Right Decisions at the right time with ZODIAQ

500+

USERS

100K+

TRUSTED ASTROLOGERS

20K+

DOWNLOADS