By पं. सुव्रत शर्मा
2026 में सूर्य और मंगल का मकर राशि में संयोग, करियर, धन और प्रतिष्ठा पर प्रभाव

नए साल 2026 की शुरुआत ही एक खास ज्योतिषीय संयोग से होती है, जब मकर राशि में सूर्य और मंगल साथ बैठकर एक प्रभावशाली योग बनाते हैं। यह योग शनि की राशि में घटित होने के कारण और भी गंभीर और परिणामकारी माना जाता है। इस समय बनने वाला आदित्य मंगल राजयोग कुछ जातकों के लिए करियर, धन और प्रतिष्ठा में उल्लेखनीय वृद्धि ला सकता है, जबकि कई लोगों के लिए यह समय आत्मविश्वास और कर्मशीलता को जागृत करने वाला रहेगा।
इस पूरे काल में ऊर्जा बहुत सक्रिय रहेगी, इसलिए सही दिशा में उठाया गया हर छोटा कदम भी आगे चलकर बड़ा अवसर बन सकता है। खास बात यह है कि यह योग अचानक नहीं बल्कि स्पष्ट गोचर क्रम के साथ बनता है, जिसके कारण इसकी अवधि और प्रभाव दोनों को समझकर योजनाएं बनाई जा सकती हैं।
पंचांग के अनुसार मकर राशि में सूर्य और मंगल के गोचर से बनने वाला आदित्य मंगल राजयोग एक निश्चित समय सीमा में सक्रिय रहता है।
इस लगभग एक महीने की अवधि में मकर राशि की ऊर्जा कर्म, अनुशासन और व्यावहारिकता के साथ मजबूत रूप में सक्रिय रहती है। जो लोग इस समय अपने लक्ष्य स्पष्ट रखकर परिश्रम करेंगे, उन्हें आने वाले महीनों में इसका लाभ मिल सकता है।
मकर राशि शनि की राशि मानी जाती है, जो अनुशासन, कर्तव्य और परिणाम से जुड़ी है। जब इसी राशि में सूर्य और मंगल एक साथ आते हैं, तो
इन दोनों की युति से जो ऊर्जा बनती है, उसे पारंपरिक रूप से आदित्य मंगल राजयोग कहा जाता है। यह योग
जैसे फल दे सकता है। शनि की राशि में यह योग बनने के कारण इसके परिणाम केवल जोश पर नहीं बल्कि मेहनत, जिम्मेदारी और धैर्य पर आधारित रहेंगे। यह समय जल्दी हार मानने वालों के लिए नहीं बल्कि उन लोगों के लिए अधिक सहायक होता है जो निरंतर प्रयास पर विश्वास रखते हैं।
इस अवधि में ऊर्जा बहुत प्रबल रहती है। ऐसे में
यदि इस समय केवल आवेश या प्रतिस्पर्धा के कारण कदम उठाए जाएं तो बाद में पछतावा हो सकता है। वहीं सोची समझी योजना और स्थिर प्रयास इस समय को बेहद फलदायी बना सकते हैं।
इस आदित्य मंगल राजयोग का असर सभी राशियों पर किसी न किसी रूप में रहेगा, लेकिन चार चंद्र राशियों के लिए यह समय विशेष रूप से उन्नति और सकारात्मक बदलाव से भरा माना जा सकता है। ये राशियां हैं मेष, वृषभ, तुला और मकर। अब उन्हें विस्तार से समझते हैं।
सूर्य मंगल युति का सबसे मजबूत और स्पष्ट प्रभाव मेष राशि वालों पर देखा जा सकता है। यह संयोग इनके लिए करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा के क्षेत्र में नई राहें खोल सकता है।
नए साल में मेष जातकों के लिए करियर में सफलता के अवसर बढ़ते दिखाई देंगे। नौकरी करते हों या स्वयं का काम करते हों, दोनों ही स्थितियों में नए मौके सामने आ सकते हैं। कार्यस्थल पर जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं, लेकिन उसी अनुपात में पहचान और प्रशंसा भी मिल सकती है।
आय के नए स्रोत विकसित होने की संभावना है। पहले की तुलना में बचत बढ़ सकती है और आर्थिक स्थिति अधिक संतुलित महसूस हो सकती है। रुके हुए काम, जो लंबे समय से अधूरे थे, अब तेजी से पूरे होने के संकेत देते हैं।
इस अवधि में मेष राशि वालों का मनोबल मजबूत रहेगा। किसी भी काम में आगे बढ़कर हिस्सा लेने की इच्छा बढ़ सकती है। यह समय आत्मविश्वास, साहस और कर्मशीलता को जागृत करने वाला हो सकता है, बस ध्यान रहे कि जल्दबाजी और अनावश्यक बहस से बचा जाए।
वृषभ राशि के लिए सूर्य मंगल युति शुभ और प्रगतिकारक मानी जा सकती है। यह समय नौकरी, बिजनेस और निजी जीवन तीनों क्षेत्रों में सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है।
नौकरीपेशा जातकों के लिए सैलरी बढ़ने या मनचाही नौकरी मिलने के संकेत बन सकते हैं। पद और प्रतिष्ठा में वृद्धि की संभावना भी नजर आती है। यदि पिछले समय में अपने कार्य के अनुरूप सम्मान नहीं मिल रहा था, तो अब स्थिति बेहतर हो सकती है।
जो लोग व्यवसाय करते हैं, उनके लिए यह समय मुनाफा बढ़ाने वाला हो सकता है। खासकर 16 जनवरी के बाद व्यापार के विस्तार के नए अवसर सामने आ सकते हैं। कोई अच्छी बिजनेस डील मिल सकती है, जो आगे चलकर मजबूत आर्थिक स्थिरता दे सकती है।
सिंगल वृषभ जातकों के लिए भी यह समय अच्छा संकेत दे सकता है। किसी योग्य वर या वधू का रिश्ता आने की संभावना बन सकती है। रिश्तों में स्थिरता, सम्मान और सहयोग बढ़ सकता है। धन के मामले में यह समय आर्थिक पक्ष को मजबूत करने वाला माना जा सकता है।
तुला राशि के लिए सूर्य मंगल युति सुख, सुख सुविधाओं और परिवार से जुड़े क्षेत्रों में खास असर डाल सकती है। इस समय मकर राशि में बन रहा आदित्य मंगल राजयोग इनके लिए घरेलू जीवन में सकारात्मक हलचल ला सकता है।
16 जनवरी के बाद से तुला जातक प्रॉपर्टी में निवेश करने की योजना बना सकते हैं। लंबे समय से घर या वाहन खरीदने का सपना देख रहे लोगों के लिए यह समय उस दिशा में कदम बढ़ाने का हो सकता है। मकान, जमीन या गाड़ी से संबंधित सौदों में तेजी आ सकती है।
यह योग तुला राशि वालों के लिए सुख और समृद्धि बढ़ाने वाला माना जाता है। विचारों में परिपक्वता और निर्णय लेने की क्षमता में सुधार हो सकता है। परिवार के भीतर सुख और शांति की स्थिति बन सकती है और घर के वातावरण में सकारात्मकता बढ़ने की संभावना रहेगी।
दांपत्य जीवन में भी जीवनसाथी का सहयोग मिल सकता है। हालांकि नौकरी, बिजनेस या निवेश के अवसर आते समय सभी पहलुओं को समझकर ही निर्णय लेना उचित रहेगा। भावनाओं के साथ साथ व्यावहारिकता भी जरूरी होगी।
सूर्य मंगल की युति मकर राशि में ही बनने जा रही है। इस कारण मकर जातकों के लिए यह समय अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह अवधि उनके लिए नई शुरुआत, बड़े फैसले और लंबे समय तक असर देने वाले परिणामों का संकेत दे सकती है।
इस समय मकर राशि के जातक कोई नया काम शुरू करने का विचार कर सकते हैं। जो लोग पहले से व्यवसाय करते हैं, वे अपने काम को विस्तार देने की योजना बना सकते हैं। नए प्रोजेक्ट, नई जिम्मेदारियां और नए सहयोगियों से जुड़ने के अवसर मिल सकते हैं।
करियर के क्षेत्र में मकर जातकों के यश और प्रतिष्ठा में वृद्धि के संकेत हैं। कोई बड़ी उपलब्धि मिल सकती है, जो उन्हें उनके क्षेत्र में अलग पहचान दे। यह समय ऐसे फैसले करा सकता है जो आने वाले वर्षों के करियर ग्राफ को नया मोड़ दे दें।
धन की दृष्टि से भी अचानक बड़ा लाभ मिलने की संभावना बन सकती है। किसी अटके हुए भुगतान, निवेश से लाभ या अप्रत्याशित स्रोत से धन प्राप्ति के योग बन सकते हैं। इससे बैंक बैलेंस में वृद्धि हो सकती है और आर्थिक सुरक्षा की भावना मजबूत हो सकती है।
वैवाहिक जीवन की बात करें तो इस समय कोई अच्छा रिश्ता आने की संभावना भी बढ़ सकती है। जो लोग विवाह योग्य हैं, उनके लिए यह अवधि रिश्तों के मामले में सकारात्मक संकेत दे सकती है।
मकर राशि में बनने वाला यह आदित्य मंगल राजयोग यह संकेत देता है कि नए साल की शुरुआत केवल कैलेंडर बदलने से नहीं बल्कि कर्म की गति तेज होने से महसूस होगी। यह समय उन लोगों के लिए विशेष रूप से सहायक है जो मेहनत, अनुशासन और स्पष्ट लक्ष्य पर भरोसा रखते हैं।
चार राशियों के लिए यह समय भाग्योदय, उन्नति और प्रगति के द्वार खोल सकता है, लेकिन बाकी राशियों के लिए भी यह योग ऊर्जा, साहस और प्रयास को मजबूत करता है। यदि क्रोध, अहं और अधीरता पर नियंत्रण रखा जाए, तो यह अवधि कई लोगों के लिए यादगार उपलब्धियों का आधार बन सकती है।
1. आदित्य मंगल राजयोग 2026 में कब बनेगा और कितने समय तक रहेगा
आदित्य मंगल राजयोग मकर राशि में सूर्य और मंगल की युति से 16 जनवरी 2026 से शुरू होता है। यह योग 16 जनवरी से 13 फरवरी 2026 तक सक्रिय रहेगा, क्योंकि 13 फरवरी को सूर्य मकर छोड़कर कुंभ राशि में प्रवेश कर जाते हैं।
2. आदित्य मंगल राजयोग को इतना प्रभावशाली क्यों माना जाता है
इस राजयोग में सूर्य की नेतृत्व शक्ति और मंगल की कर्मठता एक साथ सक्रिय होती है। जब यह संयोग मकर जैसी कर्म प्रधान और शनि शासित राशि में बनता है, तो यह मेहनत, अनुशासन और जिम्मेदारी के माध्यम से करियर, धन और सम्मान में वृद्धि के अवसर दे सकता है।
3. सूर्य मंगल की युति से किन चार राशियों को सबसे अधिक फायदा होगा
यह युति विशेष रूप से मेष, वृषभ, तुला और मकर राशि वालों के लिए शुभ मानी जा सकती है। मेष के लिए करियर और भाग्योदय, वृषभ के लिए पद, आय और रिश्तों में सुधार, तुला के लिए घर, संपत्ति और सुख में वृद्धि तथा मकर के लिए नई शुरुआत, उपलब्धि और धन लाभ के संकेत मजबूत रहेंगे।
4. इस अवधि में किन बातों से बचना चाहिए ताकि नुकसान न हो
सूर्य मंगल युति के समय गुस्सा, अहं और जल्दबाजी से खास तौर पर बचना चाहिए। बिना सोचे समझे नौकरी छोड़ना, गलत लोगों पर भरोसा करके निवेश करना या केवल प्रतिस्पर्धा के दबाव में निर्णय लेना बाद में परेशानी दे सकता है। संयम, धैर्य और व्यावहारिक सोच इस समय की सबसे बड़ी जरूरत है।
5. जिन राशियों का नाम लाभ पाने वाली सूची में नहीं है, क्या उन्हें इस योग से फायदा नहीं होगा
ऐसा नहीं है कि बाकी राशियों को कोई लाभ नहीं मिलेगा। हर चंद्र राशि के लिए यह योग अलग भावों को सक्रिय करता है, इसलिए किसी के लिए स्वास्थ्य और दिनचर्या में सुधार, किसी के लिए परिवार या आत्मविश्वास में वृद्धि, किसी के लिए सीख और अनुभव के रूप में लाभ आ सकता है। फर्क केवल इतना रहेगा कि मेष, वृषभ, तुला और मकर के लिए यह समय अपेक्षाकृत अधिक तेज और दिखाई देने वाला शुभफल दे सकता है।
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