By पं. अभिषेक शर्मा
फरवरी 2026 में चंद्रमा के सभी राशि गोचर और उनका भावनात्मक प्रभाव

वैदिक ज्योतिष में चंद्रमा को मन, भावनाओं, दैनिक मनोदशा, अंतर्ज्ञान और मानसिक स्पष्टता का स्वामी माना जाता है। चूँकि चंद्रमा हर दो से ढाई दिन में एक राशि से दूसरी राशि में प्रवेश करता है, इसलिए उसका चंद्र गोचर सीधे रोजमर्रा के विचार, व्यवहार और निर्णयों पर प्रभाव डालता है।
फरवरी 2026 विशेष महत्व रखता है, क्योंकि इस महीने चंद्रमा एक पूर्ण राशिचक्र चक्र पूरा करता है। पूरे महीने के दौरान यह भावनात्मक रूझान, निर्णय लेने की शैली, संबंधों की गुणवत्ता और कार्य क्षमता को अलग अलग रूप में प्रभावित करता है। जो लोग अपने मन के उतार चढ़ाव को समझना चाहते हैं, उनके लिए फरवरी 2026 का यह चंद्र गोचर कैलेंडर एक उपयोगी आधार बन सकता है।
इसी को सरल बनाने के लिए पहले एक स्पष्ट चंद्र गोचर सारणी दी जा रही है, उसके बाद प्रत्येक गोचर के भावनात्मक और ज्योतिषीय संकेत विस्तार से समझाए गए हैं, ताकि पाठक केवल तिथि ही नहीं बल्कि उस दिन की भावनात्मक लय भी समझ सकें।
नीचे दी गई सारणी फरवरी 2026 में चंद्रमा की राशि, चंद्र गोचर की तिथि, समय और उस अवधि के मुख्य भावनात्मक विषय को संक्षेप में दिखाती है, ताकि पाठक चंद्र गोचर फरवरी 2026 को एक नज़र में समझ सकें।
| चंद्र राशि | तिथि और समय भारतीय समय | वार | भावनात्मक विषय |
|---|---|---|---|
| सिंह | 2 फरवरी 2026 रात्रि 10 47 | सोमवार | आत्मविश्वास, आत्म अभिव्यक्ति |
| कन्या | 5 फरवरी 2026 प्रातः 04 19 | गुरुवार | व्यावहारिक सोच, विश्लेषण |
| तुला | 7 फरवरी 2026 दोपहर 01 21 | शनिवार | संतुलन, संबंध |
| वृश्चिक | 10 फरवरी 2026 रात्रि 01 10 | मंगलवार | तीव्रता, रूपांतरण |
| धनु | 12 फरवरी 2026 दोपहर 01 42 | गुरुवार | आशावाद, सीख |
| मकर | 15 फरवरी 2026 रात्रि 12 41 | रविवार | अनुशासन, जिम्मेदारी |
| कुम्भ | 17 फरवरी 2026 प्रातः 09 05 | मंगलवार | नवीन सोच, अलगाव |
| मीन | 19 फरवरी 2026 दोपहर 02 59 | गुरुवार | संवेदनशीलता, करुणा |
| मेष | 21 फरवरी 2026 सायं 07 06 | शनिवार | कार्य प्रवृत्ति, साहस |
| वृषभ | 23 फरवरी 2026 रात्रि 10 11 | सोमवार | स्थिरता, आराम |
| मिथुन | 26 फरवरी 2026 रात्रि 12 54 | गुरुवार | संवाद, जिज्ञासा |
| कर्क | 28 फरवरी 2026 प्रातः 03 52 | शनिवार | भावनात्मक सुरक्षा, परिवार |
यह तालिका चंद्र गोचर की तिथियां जल्दी से देखने में मदद करती है, जबकि आगे दिए गए विस्तृत विश्लेषण बताते हैं कि चंद्र गोचर फरवरी 2026 में हर राशि परिवर्तन के समय भीतर से कैसा अनुभव हो सकता है और किन दिनों में किस प्रकार के कार्य स्वाभाविक रूप से अधिक सहज बनते हैं।
यह बात याद रखना महत्वपूर्ण है कि यह पूरा विवरण सामान्य भावनात्मक प्रवृत्ति के आधार पर है। किसी व्यक्ति की जन्म कुंडली, उसमें चंद्रमा की स्थिति और दषा आदि के अनुसार अनुभव हल्के या गहरे हो सकते हैं। फिर भी, चंद्रमा की स्थिति का सामूहिक प्रभाव इतना स्पष्ट होता है कि जागरूक व्यक्ति छोटे छोटे बदलाव भी पहचानने लगते हैं।
जो लोग ध्यान, जर्नलिंग या आत्मचिंतन जैसे अभ्यास करते हैं, उनके लिए चंद्र गोचर एक प्राकृतिक घड़ी की तरह काम कर सकता है। महीने भर में जब कभी मन अचानक अधिक संवेदनशील, अधिक साहसी या अधिक व्यवस्थित महसूस करे तो इस तालिका को देखकर समझा जा सकता है कि उस समय चंद्रमा किस राशि में है।
जब चंद्रमा सिंह में गोचर करता है तो आत्मविश्वास, आत्म अभिव्यक्ति और पहचान की इच्छा बढ़ जाती है। लोग स्वयं को अधिक स्पष्ट रूप से व्यक्त करना चाहते हैं और ध्यान या प्रशंसा स्वाभाविक रूप से आकर्षित करना चाहते हैं। यह समय नेतृत्व की भूमिका निभाने, रचनात्मक कार्यों, प्रस्तुति और आत्म दृढ़ निर्णयों के लिए शुभ माना जा सकता है।
यदि अहं पर नियंत्रण रखा जाए तो यह गोचर सम्मान अर्जित करने और दिल से जुड़ी योजनाओं को आगे बढ़ाने में सहायक होता है। विशेष रूप से उन लोगों के लिए यह समय अच्छा है जो मंच पर बोलते हैं, मार्गदर्शन करते हैं या किसी समूह का नेतृत्व करते हैं।
कन्या में चंद्र गोचर के दौरान भावनाएं भी तर्क और व्यवस्था से संचालित होने लगती हैं। मन विश्लेषणात्मक हो जाता है और छोटी छोटी बातों पर भी ध्यान स्वतः चला जाता है। यह समय स्वास्थ्य दिनचर्या शुरू करने, काम की योजना बनाने, समय सारणी सुधारने और जीवन को व्यवस्थित करने के लिए बहुत उपयोगी है।
यदि किसी को लंबे समय से कोई कार्य सूची बनानी हो, दस्तावेज़ व्यवस्थित करने हों या चिकित्सा जांच की योजना करनी हो तो कन्या के चंद्र दिन इसके लिए उपयुक्त माने जा सकते हैं। केवल अत्यधिक सूक्ष्म विश्लेषण या ओवरथिंकिंग से बचना होगा, ताकि चिंता अनावश्यक रूप से न बढ़े।
तुला में चंद्र गोचर संबंधों, संतुलन और न्याय की भावना को सक्रिय करता है। लोग समझौते की भावना से बात करना चाहते हैं और किसी भी स्थिति में दोनों पक्षों का पक्ष देखने की कोशिश करते हैं। यह समय बातचीत से विवाद सुलझाने, साझेदारी को मजबूत करने और पुराने मतभेदों को शांत ढंग से निपटाने के लिए अनुकूल है।
यदि किसी संबंध में संवाद की कमी हो या कोई विषय संवेदनशील हो तो तुला चंद्र दिन खुलकर लेकिन सहज बातचीत के लिए उपयोगी हो सकते हैं। यदि निर्णय में अत्यधिक तौल मोल न किया जाए तो यह गोचर बहुत सौम्य और सहयोगी वातावरण तैयार कर सकता है।
जब चंद्रमा वृश्चिक राशि में आता है तो भावनाएं साधारण नहीं रहतीं, वे भीतर तक गहराई तक महसूस होने लगती हैं। इस समय व्यक्ति भीतर छिपे हुए विचार, डर या इच्छाओं से सामना कर सकता है। शोध, मनोवैज्ञानिक विषय, गूढ़ अध्ययन और आध्यात्मिक साधना के लिए यह एक शक्तिशाली अवधि मानी जा सकती है।
वृश्चिक चंद्र दिन पुराने भावनात्मक घावों को देखने और धीरे धीरे छोड़ने के लिए उपयोगी होते हैं। भावनात्मक प्रतिक्रियाएं तीव्र हो सकती हैं, इसलिए महत्वपूर्ण संबंधों में शब्दों और व्यवहार पर विशेष ध्यान रखना अच्छा रहता है।
धनु में चंद्र गोचर उम्मीद, विस्तार और सीखने की भावना बढ़ाता है। व्यक्ति को नए विचार, आध्यात्मिक विषय या यात्रा संबंधी योजनाओं की ओर स्वाभाविक आकर्षण महसूस हो सकता है। यह समय दीर्घकालिक दिशा पर विचार करने, लक्ष्य तय करने और अपने विश्वासों को स्पष्ट करने के लिए अच्छा है।
यदि किसी को उच्च शिक्षा, विदेश संपर्क या जीवन दर्शन से जुड़े निर्णय लेने हों तो धनु के चंद्र दिन प्रेरणा दे सकते हैं। आशावाद के साथ यदि यथार्थ को भी ध्यान में रखा जाए तो यह गोचर निर्णयों में सकारात्मक मोड़ ला सकता है।
मकर में चंद्र गोचर के दौरान भावनाएं भी गंभीर और जिम्मेदार दिशा में मुड़ जाती हैं। व्यावहारिक निर्णय भावनात्मक प्रतिक्रिया पर भारी पड़ते हैं और व्यक्ति भविष्य को ध्यान में रखकर योजना बनाना चाहता है। करियर योजना, दायित्वों का निर्वाह और दीर्घकालिक लक्ष्य पर काम करने के लिए यह समय उपयुक्त माना जा सकता है।
यह अवधि उन लोगों के लिए विशेष रूप से लाभकारी हो सकती है जो अपने जीवन में संरचना, समय प्रबंधन और अनुशासन की कमी महसूस कर रहे हों। कभी कभी यह समय थोड़ी कठोरता का अनुभव करा सकता है परन्तु यही कठोरता स्थिरता और उपलब्धि की नींव रखती है।
कुम्भ में चंद्र गोचर भावनात्मक रूप से थोड़ी दूरी और विचारों में नवीनता लाता है। लोग समूह, समाज या किसी बड़े उद्देश्य के बारे में अधिक सोच सकते हैं। मित्रता, सामाजिक कार्य और नवाचार से जुड़े कदम उठाने के लिए यह समय सहायक होता है।
कुम्भ के चंद्र दिन उन योजनाओं के लिए उपयोगी हैं जिनमें तटस्थ दृष्टि, विश्लेषण और भावनाओं से थोड़ी दूरी की आवश्यकता होती है। बस इतना ध्यान रहे कि भावनात्मक दूरी इतना अधिक न बढ़ जाए कि अपने करीबियों से अनचाही दूरी बनने लगे या भावनात्मक ठंडापन महसूस होने लगे।
मीन में चंद्र गोचर के समय संवेदनशीलता, करुणा और कल्पनाशीलता स्वाभाविक रूप से बढ़ जाती है। यह अवधि भावनात्मक उपचार, सृजनात्मक कार्य, संगीत, ध्यान और ईश्वर से जुड़ने जैसी प्रक्रियाओं के लिए बहुत लाभकारी हो सकती है।
जिन्हें अंदर से थकान, खालीपन या भावनात्मक बोझ महसूस हो, उनके लिए मीन के चंद्र दिन प्रार्थना, मौन और सुकून भरे समय के लिए उपयुक्त रहते हैं। हालाँकि इस समय सीमाओं की रक्षा भी महत्वपूर्ण है, ताकि अत्यधिक संवेदनशीलता थकान या भावनात्मक बोझ में न बदल जाए।
मेष में चंद्र गोचर ऊर्जा स्तर को तेज कर देता है। लोग त्वरित निर्णय लेने, नया काम शुरू करने और जोखिम लेने के लिए प्रेरित महसूस कर सकते हैं। यह समय हिचकिचाहट दूर करने, पहल करने और रुके हुए कामों को तेज गति देने के लिए अच्छा है।
जो लोग लंबे समय से किसी निर्णय को टाल रहे हों, वे मेष चंद्र दिनों में छोटे लेकिन स्पष्ट कदम उठा सकते हैं। आवेग और क्रोध को नियंत्रित रखा जाए तो यह गोचर बहुत रचनात्मक परिणाम दे सकता है।
वृषभ में चंद्रमा को बहुत स्थिर और सुखद माना जाता है। इस समय मन को आराम, सुरक्षा और स्थिरता की आवश्यकता अधिक रहती है। परिवार के साथ समय बिताना, अच्छा भोजन, सुंदर वातावरण और आर्थिक योजना जैसी बातें संतोष देती हैं।
ये दिन संपत्ति, बचत, निवेश और दीर्घकालिक आर्थिक सुरक्षा पर ध्यान देने के लिए शुभ हो सकते हैं। वृषभ चंद्र गोचर के दौरान शरीर और मन दोनों को आराम देना, प्रकृति के करीब रहना और कम लेकिन सार्थक कार्य करना बहुत लाभकारी रहता है।
मिथुन में चंद्र गोचर मानसिक सक्रियता बढ़ाता है। बातचीत, सीखने, पढ़ने लिखने और जानकारी लेने देने से भावनात्मक संतोष मिलने लगता है। यह समय नेटवर्क बढ़ाने, संपर्कों से लाभ लेने और नई जानकारी के आधार पर छोटे निर्णय लेने के लिए अनुकूल है।
यदि किसी को लेखन, प्रस्तुति या वार्तालाप आधारित काम करना हो तो मिथुन चंद्र दिन अच्छा मंच देते हैं। ध्यान केवल इस बात पर देना होता है कि अत्यधिक सूचना या विकल्पों की वजह से मन बहुत अधिक चंचल न हो जाए और एकाग्रता न टूटे।
कर्क चंद्रमा की स्व राशि मानी जाती है, इसलिए यहां चंद्रमा सबसे अधिक सहज और प्रभावी बन जाता है। इस समय भावनात्मक जुड़ाव, परिवार के प्रति लगाव और सुरक्षा की आवश्यकता अधिक महसूस होती है। घर, माता, परंपरा, रसोई और देखभाल वाले विषयों पर दिल से ध्यान जाता है।
यह गोचर आत्म देखभाल, घरेलू वातावरण सुधारने और प्रियजनों के साथ भावनात्मक बंधन मजबूत करने के लिए अत्यंत शुभ माना जा सकता है। यदि किसी रिश्ते में दूरी महसूस हो रही हो तो कर्क चंद्र दिन सहज, प्रेमपूर्ण और संवेदनशील संवाद के लिए बहुत अच्छे होते हैं।
तत्वों के आधार पर चंद्र गोचर को देखना पूरे महीने की भावनात्मक पटकथा को और स्पष्ट कर देता है।
फरवरी 2026 इन चारों तत्वों के बीच बार बार घूमता हुआ महीना है। कभी उत्साह और पहल का समय आता है, फिर स्थिरता, फिर संवाद और उसके बाद भावनात्मक गहराई का चरण आता है। इस कारण यह महीना जल्दबाज़ी से निर्णय लेने के बजाय भावनात्मक स्थिरता और तैयारी को मजबूत करने के लिए उपयुक्त माना जा सकता है।
चंद्र गोचर को यदि सजगता से देखा जाए तो यह रोजमर्रा के कामों के लिए सरल लेकिन मजबूत मार्गदर्शन दे सकता है।
फरवरी 2026 में चंद्र गोचर का व्यावहारिक उपयोग कुछ इस प्रकार किया जा सकता है
जब दिन की भावनात्मक लय के साथ काम मिलाया जाता है तो जीवन अनावश्यक रूप से उलझा हुआ नहीं लगता बल्कि स्वाभाविक प्रवाह के साथ चलने का अनुभव देता है।
यह महीना स्वयं की भावनाओं को गहराई से समझने के लिए भी बहुत अच्छा माना जा सकता है। चंद्रमा की चाल को अपने भीतर के अनुभवों के साथ मिलाकर देखने से व्यक्ति को अपनी भावनात्मक आदतों की साफ तस्वीर मिलने लगती है।
एक सरल अभ्यास अपनाया जा सकता है।
धीरे धीरे चंद्र गोचर 2026 व्यक्ति के लिए एक व्यक्तिगत भावनात्मक नक्शा बन जाता है, जो यह समझने में मदद करता है कि बातचीत, विश्राम और भीतर के निर्णयों के लिए कौन से दिन स्वाभाविक रूप से अधिक अनुकूल रहते हैं। ऐसा समझदार प्रयोग भावनात्मक अपरिपक्वता को कम करके, धैर्य और आत्म स्वीकृति को बढ़ा सकता है।
चंद्र गोचर बहुत सूक्ष्म लेकिन लगातार स्तर पर काम करता है। यह रोजमर्रा के मूड, प्रतिक्रियाओं और छोटे निर्णयों की गुणवत्ता को तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। जब व्यक्ति चंद्र गोचर फरवरी 2026 के अनुसार थोड़ी सजगता से दिन का चुनाव करता है तो
फरवरी 2026 ऐसा महीना है जिसमें चंद्रमा सभी बारह राशियों से गुजरते हुए मन को हर तरह की भावनात्मक स्थिति से परिचित कराता है। जो लोग इस यात्रा को समझदारी से देखते हैं, वे पूरे वर्ष के लिए अधिक संतुलित, जागरूक और अनुशासित भावनात्मक जीवन की दिशा तय कर सकते हैं।
चंद्र राशि मेरे बारे में क्या बताती है?
मेरी चंद्र राशि
अनुभव: 19
इनसे पूछें: विवाह, संबंध, करियर
इनके क्लाइंट: छ.ग., म.प्र., दि., ओडि, उ.प्र.
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