By पं. नीलेश शर्मा
छायादान, पीपल पूजा, हनुमान उपासना और शनि मंत्रों से शनि दोष की शांति के सरल उपाय

वैदिक ज्योतिष में शनि ग्रह को कर्मफल दाता और न्यायप्रिय देवता माना गया है। साढ़ेसाती ढैय्या या महादशा के दौरान जीवन में बाधाएं आर्थिक तनाव स्वास्थ्य समस्याएं मानसिक चिंता नौकरी और व्यापार में रुकावटें तथा पारिवारिक कलह देखी जा सकती हैं। परंतु शनि का उद्देश्य केवल दंड देना नहीं बल्कि आत्मशुद्धि धैर्य अनुशासन और जीवन में संतुलन लाना है। शास्त्रों में कई प्रभावी उपाय बताए गए हैं जो शनि के दोष शांत करते हैं और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा भरते हैं।
लग्न कुंडली के विभिन्न भावों में शनि का प्रभाव
विधि
शनिवार को स्नान के बाद लोहे के पात्र में सरसों का तेल भरें। उसमें अपना चेहरा देखें और फिर वह तेल शनि मंदिर या जरूरतमंद को दान करें।
लाभ
छायादान से शनि दोष कम होते हैं और नकारात्मकता दूर होती है।
विधि
शनिवार को पीपल की जड़ में गुड़ और काले तिल मिलाकर जल चढ़ाएं। शाम को पीपल के नीचे सरसों तेल का दीपक जलाएं।
लाभ
यह उपाय शनि और पितृ दोष दोनों को शांत करता है।
मंत्र
ॐ शं शनैश्चराय नमः
नीलांजनसमाभासं रविपुत्रं यमाग्रजम्
विधि
शनिवार को 11 या 108 बार मंत्र जाप करें और शनि स्तोत्र या शनि चालीसा पढ़ें।
लाभ
मन की शांति मिलती है और ग्रह दोष कम होते हैं।
क्या दान करें
काले तिल उड़द दाल सरसों तेल लोहे की वस्तुएं काले वस्त्र छाता जूते कंबल या काले फल।
किसे दान करें
गरीब वृद्ध विकलांग या मंदिर के पुजारी को।
मंगलवार और शनिवार को हनुमान चालीसा बजरंग बाण या सुंदरकांड का पाठ करें।
हनुमान मंदिर में सिंदूर और चमेली का तेल अर्पित करें।
सत्य ईमानदारी संयम और न्याय का पालन करें।
वृद्धजनों का सम्मान करें।
मांस मदिरा झूठ क्रोध और अपमानजनक व्यवहार से दूर रहें।
नीलम रत्न केवल योग्य ज्योतिषी की सलाह से पहनें।
शनि यंत्र स्थापित करें और पूजा करें।
सूर्य पूजा प्रतिदिन सूर्य को जल अर्पित करें।
शनि का भय न रखें। शनि की उपासना दान और सदाचार जीवन में शक्ति शांति और संतुलन लाता है।
छायादान पीपल पूजा मंत्र जाप दान हनुमान उपासना और सद्कर्म का पालन करें। शनि दंडदाता नहीं जीवन के सच्चे शिक्षक हैं।
ॐ शं शनैश्चराय नमः
प्रश्न: शनि को शांत करने का सबसे प्रभावी उपाय क्या है
उत्तर: छायादान और शनि मंत्र जाप अत्यंत प्रभावी हैं।
प्रश्न: क्या बिना मंदिर जाए शनि को प्रसन्न किया जा सकता है
उत्तर: हाँ ईमानदार कर्म अनुशासन और सेवा से।
प्रश्न: क्या हनुमान उपासना शनि दोष दूर करती है
उत्तर: जी हाँ हनुमान जी की कृपा से शनि के सभी कष्ट शांत होते हैं।
प्रश्न: क्या हर व्यक्ति नीलम पहन सकता है
उत्तर: नहीं इसे पहनने से पहले ज्योतिषीय सलाह अनिवार्य है।
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